नई दिल्ली: भारत का स्वच्छता चैंपियन एक बार फिर वही — इंदौर!
केंद्र सरकार द्वारा आयोजित स्वच्छ सर्वेक्षण 2024-25 के नतीजे गुरुवार को घोषित किए गए, जिसमें इंदौर ने लगातार आठवीं बार "भारत का सबसे स्वच्छ शहर" बनने का गौरव प्राप्त किया।
इस वार्षिक सर्वेक्षण में सूरत ने दूसरा और नवी मुंबई ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। देशभर के नगर निकायों के प्रदर्शन को साफ-सफाई, जनभागीदारी, कचरा प्रबंधन और नवाचार जैसे मानकों पर परखा गया।
विजेताओं को राष्ट्रपति ने किया सम्मानित
राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने नई दिल्ली में आयोजित एक विशेष समारोह में विजेता शहरों को सम्मानित किया। इस मौके पर केंद्रीय आवास और शहरी मामलों के मंत्री सहित कई गणमान्य अतिथि उपस्थित थे।
विभिन्न श्रेणियों में विजेता:
-
सबसे स्वच्छ बड़ा शहर (10 लाख+ आबादी):
इंदौर,
सूरत,
नवी मुंबई -
3–10 लाख आबादी वर्ग में:
नोएडा (उत्तर प्रदेश)
चंडीगढ़
मैसूर (कर्नाटक)
क्या कहा सरकार ने?
केंद्रीय मंत्रालय ने कहा कि स्वच्छता मिशन सिर्फ सफाई नहीं, बल्कि एक जनआंदोलन है। इंदौर जैसे शहरों ने इसे प्रमाणित किया है कि जब प्रशासन और जनता मिलकर काम करते हैं, तो बदलाव संभव है।
स्वच्छता सर्वेक्षण क्या है?
स्वच्छ सर्वेक्षण भारत सरकार की वार्षिक रैंकिंग प्रणाली है, जिसमें शहरी निकायों को उनकी सफाई व्यवस्था, जनसहभागिता, कचरा प्रबंधन, नवाचार और टिकाऊ स्वच्छता उपायों के आधार पर अंक दिए जाते हैं।